नई दिल्ली। सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने पिछले कुछ दिनों के अपने अनुभव साझा करते हुए शुक्रवार देर रात यूट्यूब पर एक वीडियो जारी किया। वीडियो की एक क्लिप में वह सफदरजंग अस्पताल से बाहर जाने को लेकर एक सुरक्षाकर्मी से बहस करते नजर आ रहे हैं। वांगचुक ने आरोप लगाया कि अस्पताल में उनके साथ उत्पीड़न किया गया और उन्हें अनावश्यक रूप से रोका गया।


वीडियो में वांगचुक ने कहा कि उन्हें अपनी इच्छा के अनुसार अस्पताल से बाहर जाने की अनुमति नहीं दी जा रही थी। उन्होंने इस दौरान अस्पताल प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल भी उठाए।


हालांकि, सफदरजंग अस्पताल प्रशासन ने इन आरोपों पर सफाई देते हुए कहा कि वीडियो उस समय रिकॉर्ड किया गया था, जब अस्पताल को दिल्ली उच्च न्यायालय का लिखित आदेश प्राप्त नहीं हुआ था। अस्पताल के अनुसार, अदालत का आदेश मिलने के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया का पालन किया गया और उसके अनुरूप कार्रवाई की गई।


अस्पताल प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि मरीज के उपचार और सुरक्षा से जुड़े सभी निर्णय निर्धारित नियमों और न्यायालय के निर्देशों के अनुसार लिए गए। प्रशासन ने कहा कि वीडियो में दिखाई गई स्थिति को वर्तमान परिस्थितियों से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए, क्योंकि वह पहले की घटना है।


गौरतलब है कि हाल के दिनों में सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य और उनके अस्पताल में भर्ती होने को लेकर लगातार चर्चा रही है। इसी बीच उनका यह वीडियो सामने आने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। फिलहाल अस्पताल प्रशासन और वांगचुक के दावों के बीच अलग-अलग पक्ष सामने आए हैं