नई दिल्ली। देश के चर्चित शिक्षक खान सर एक बार फिर सुर्खियों में हैं। इस बार वजह उनकी कोई क्लास नहीं, बल्कि पत्रकार शुभांकर मिश्रा के साथ हुआ लंबा पॉडकास्ट है। करीब ढाई घंटे की इस बातचीत में खान सर ने रौशन आनंद के आरोपों, प्रिंस यादव की नेपाल में हुई मौत, अपने कोचिंग संस्थान पर हुए विवाद, पत्नी को लेकर उठते सवालों और बहन न होने के दर्द तक कई संवेदनशील मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखी।


रौशन आनंद के आरोपों पर क्या बोले?


कुछ समय पहले शिक्षक रौशन आनंद ने भी शुभांकर मिश्रा के पॉडकास्ट में खान सर पर कई गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने प्रिंस यादव की नेपाल में हुई मौत और कोचिंग जगत से जुड़े विवादों को लेकर कई सवाल उठाए थे। रौशन आनंद का कहना था कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और कई तथ्य अब भी सामने आना बाकी हैं।




इन आरोपों पर पहली बार विस्तार से प्रतिक्रिया देते हुए खान सर ने कहा कि उनका प्रिंस यादव की मौत से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि बिना जांच पूरी हुए किसी भी व्यक्ति को दोषी ठहराना न्यायसंगत नहीं है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके।




नेपाल के होटल को लेकर किया दावा




पॉडकास्ट में खान सर ने दावा किया कि नेपाल के होटल से शुरुआती स्तर पर नींद की गोलियां, नेपाली शराब और "सिक्सर" नाम से संदर्भित कुछ सामग्री मिलने की बातें सामने आई थीं। उन्होंने कहा कि जांच एजेंसियों को यह स्पष्ट करना चाहिए कि ये सामान वहां कैसे पहुंचा और प्रिंस यादव आखिरी समय में किन लोगों के साथ थे।


हालांकि, इन बातों को खान सर ने अपने दावे के रूप में रखा। इन दावों की सार्वजनिक रूप से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और मामले की जांच से जुड़े अंतिम निष्कर्ष का इंतजार है।




कोचिंग विवाद पर भी रखा पक्ष




खान सर ने कहा कि उनके संस्थान पर हमला हुआ था और इस मामले में कानूनी कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा स्वाभाविक है, लेकिन हिंसा किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं हो सकती। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी किसी से व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं है।




'लोगों को मेरी पत्नी में इतनी दिलचस्पी क्यों है?'




पॉडकास्ट का सबसे चर्चित पल तब आया, जब शुभांकर मिश्रा ने खान सर से उनकी पत्नी के बारे में सवाल किया। इस पर उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, "लोगों को मेरी पत्नी में इतनी दिलचस्पी क्यों है?"




उन्होंने कहा कि उन्होंने हमेशा अपने परिवार को लाइमलाइट से दूर रखने की कोशिश की है। उनके अनुसार, सार्वजनिक जीवन की लोकप्रियता और विवादों का असर परिवार पर नहीं पड़ना चाहिए। यही वजह है कि उन्होंने अपनी शादी और पत्नी को लंबे समय तक सार्वजनिक चर्चा से दूर रखा।




'मेरे जीवन की सबसे बड़ी कमी...'


बातचीत के दौरान खान सर का भावुक पक्ष भी सामने आया। उन्होंने कहा कि उनके जीवन की सबसे बड़ी कमी यह है कि उनकी कोई बहन नहीं है। उन्होंने स्वीकार किया कि बहन न होने का दर्द उन्हें आज भी महसूस होता है। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन जैसे अवसरों पर यह कमी और अधिक खलती है। उनके इस भावुक बयान की सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा हो रही है।

जांच पूरी होने तक निष्कर्ष नहीं निकालने की अपील




पॉडकास्ट के अंत में खान सर ने लोगों से अपील की कि किसी भी विवाद में सोशल मीडिया पर चल रही बातों या एकतरफा दावों के आधार पर निष्कर्ष न निकालें। उन्होंने कहा कि सच वही होगा जो जांच एजेंसियां और न्यायिक प्रक्रिया सामने लाएंगी।


फिलहाल रौशन आनंद और खान सर दोनों सार्वजनिक मंचों पर अपना-अपना पक्ष रख चुके हैं। ऐसे में इस पूरे विवाद का अंतिम निष्कर्ष जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही तय होगा।