नावाडीह (बोकारो)। बोकारो जिले के नावाडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत कुकुरलीलवा गांव में बुधवार की सुबह एक खौफनाक वारदात सामने आई है। आपसी विवाद में एक पड़ोसी ने दरिंदगी की सारी हदें पार करते हुए एक ही परिवार के तीन लोगों को कुल्हाड़ी से काटकर मौत के घाट उतार दिया। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और गांव में दहशत का माहौल है।


मिली जानकारी के अनुसार, कुकुरलीलवा गांव में पड़ोसी राजू सिंह का अपने ही पड़ोस में रहने वाले जानकी महतो के परिवार से किसी बात को लेकर आपसी विवाद चल रहा था। बुधवार सुबह यह विवाद इतना बढ़ गया कि राजू सिंह ने आपा खो दिया और घर में रखी कुल्हाड़ी से जानकी महतो और उनकी पत्नी पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया।


इस जानलेवा हमले में 75 वर्षीय जानकी महतो और उनकी 70 वर्षीया पत्नी सुगिया देवी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।


सास-ससुर को बचाने आई बहू को भी नहीं बख्शा

जब राजू सिंह बुजुर्ग दंपति पर हमला कर रहा था, तब उनकी 45 वर्षीया पुत्रवधू गौरी देवी बीच-बचाव करने के लिए दौड़ीं। सिर पर खून सवार आरोपी राजू सिंह ने गौरी देवी पर भी कुल्हाड़ी से हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया।

घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से लहूलुहान गौरी देवी को तुरंत इलाज के लिए पास के अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, चोट इतनी गंभीर थी कि इलाज के दौरान उन्होंने भी दम तोड़ दिया।


मृतकों में जानकी महतो (उम्र: 75 वर्ष), पत्नी सुगिया देवी (उम्र: 70 वर्ष) और जानकी महतो की पुत्रवधू गौरी देवी (उम्र: 45 वर्ष) शामिल हैं।

त्रिस्तरीय हत्याकांड की सूचना मिलते ही नावाडीह थाना पुलिस तुरंत हरकत में आई और दलबल के साथ मौके पर पहुंची। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी राजू सिंह ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण (सरेंडर) कर दिया है।


पुलिस ने तीनों शवों को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अनुमंडलीय अस्पताल भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी को हिरासत में ले लिया गया है और हत्या के मुख्य कारणों व विवाद की असल वजह का पता लगाने के लिए मामले की गहनता से जांच की जा रही है। घटना के बाद से गांव में मातम और डर का सन्नाटा पसरा हुआ है।