देवघर | राजकीय श्रावणी मेला, 2026 के सफल, सुरक्षित और सुगम संचालन को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद नज़र आ रहा है। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी श्री सौरभ कुमार भुवानिया के निर्देशानुसार आज जसीडीह रेलवे स्टेशन पर एक विशेष सुरक्षा एवं जागरूकता अभियान चलाया गया।
इस अभियान के तहत रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के पदाधिकारियों एवं सुरक्षा जवानों को अग्निशमन सुरक्षा (Fire Safety) का गहन प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण की मुख्य बातें:
विशेषज्ञ मार्गदर्शन: जिला अग्निशमन पदाधिकारी और अधिकारियों ने जवानों को प्रशिक्षित किया।
महत्वपूर्ण जानकारियां: आग लगने के संभावित कारणों, आपातकालीन स्थितियों से निपटने के तरीकों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई के गुर सिखाए गए।
व्याख्यान के बाद जसीडीह स्टेशन परिसर में ही एक व्यावहारिक मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।
फायर एक्सटिंग्विशर का प्रयोग: जवानों को अग्निशमन यंत्रों को सही और त्वरित तरीके से संचालित करने का अभ्यास कराया गया।
आग पर काबू पाना: शुरुआती चरण में आग को फैलने से रोकने की तकनीक सिखाई गई।
यात्रियों का रेस्क्यू (Evacuation): आपात स्थिति में श्रद्धालुओं और यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने का सजीव अभ्यास हुआ।
प्रशासन की प्राथमिकता: यात्रियों की सुरक्षा
मौके पर मौजूद अधिकारियों ने बताया कि श्रावणी मेला के दौरान देश-विदेश से लाखों की संख्या में श्रद्धालु देवघर और जसीडीह पहुंचते हैं। ऐसे में जसीडीह रेलवे स्टेशन जैसे संवेदनशील और व्यस्त स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखना प्रशासन की पहली प्राथमिकता है।
इस तरह के प्रशिक्षण और व्यावहारिक मॉक ड्रिल से जवानों का आत्मविश्वास बढ़ेगा, जिससे वे किसी भी अप्रत्याशित परिस्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह मुस्तैद रहेंगे।
