झारखंड में प्रतियोगिता परीक्षाओं में धांधली और छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के खिलाफ BJP के राज्यव्यापी बंद का असर दिख रहा है। रांची सहित कई जिलों में बाजार और स्कूल बंद हैं, जबकि ABVP ने विधानसभा मार्च का ऐलान किया है।
रांची। झारखंड में प्रतियोगिता परीक्षाओं में कथित धांधली और युवाओं पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज के विरोध में भारतीय जनता पार्टी (BJP) द्वारा बुलाए गए राज्यव्यापी बंद का मिला-जुला और व्यापक असर देखने को मिल रहा है। मंगलवार सुबह 8 बजे से शुरू हुआ यह बंद मध्य रात्रि तक प्रभावी रहेगा। राजधानी रांची सहित राज्य के कई प्रमुख जिलों में जनजीवन आंशिक रूप से प्रभावित हुआ है।
रांची और आसपास के इलाकों में सुबह से ही अधिकांश निजी स्कूल, कॉलेज और व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रहे। सड़कों पर सार्वजनिक और निजी वाहनों की आवाजाही आम दिनों की तुलना में काफी कम देखी गई। हालांकि, बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने स्पष्ट किया है कि एम्बुलेंस, दवा दुकानें, दूध आपूर्ति और अस्पताल जैसी आवश्यक सेवाओं को बंद के दायरे से बाहर रखा गया है।

विवाद की मुख्य वजह झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की परीक्षाओं में कथित अनियमितताएं हैं। छात्र 25 जुलाई से ही इन परीक्षाओं की पारदर्शिता, सुधार, धांधली वाली परीक्षाओं को रद्द करने और पूरे मामले की सीबीआई (CBI) या राज्य के बाहर के सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के जजों की समिति से स्वतंत्र जांच की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।
सोमवार को हजारों की संख्या में नौकरी के आकांक्षी युवा विधानसभा घेराव के लिए निकले थे। जगन्नाथपुर मंदिर के पास पुलिस बैरिकेडिंग तोड़े जाने के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन, आंसू गैस के गोले और लाठीचार्ज का प्रयोग किया। पुलिस की कार्रवाई में कई छात्र और युवा गंभीर रूप से घायल हुए हैं। रांची पुलिस के अनुसार, उग्र प्रदर्शनकारियों के साथ हुई झड़प में 14 पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने हेमंत सोरेन नीत JMM सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि छात्रों के साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया गया है। सरकार युवाओं की जायज मांगों को सुनने के बजाय पुलिसिया बल का प्रयोग कर उनका दमन करने में लगी है। पार्टी ने छात्रों की मांग का समर्थन करते हुए आयोग में हुई धांधली की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
दूसरी तरफ, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने भी छात्रों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज की कड़ी निंदा की है। ABVP ने मंगलवार को 'विधानसभा मार्च' निकालने का आह्वान किया है। यह जुलूस पुराने विधानसभा भवन से शुरू होकर नए विधानसभा परिसर तक जाएगा, जिससे राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है।
