बेंगलुरु से रांची आ रही एयर इंडिया एक्सप्रेस की उड़ान में यात्री की तबीयत बिगड़ने पर हवा में ही ऑक्सीजन दी गई। ऑक्सीजन सिलेंडरों की व्यवस्था के कारण रांची से बेंगलुरु की वापसी उड़ान 4 घंटे 16 मिनट देरी से रवाना हुई।


रांची। बेंगलुरु से रांची आ रही एयर इंडिया एक्सप्रेस की उड़ान में रविवार सुबह एक बड़ा चिकित्सा आपातकाल टल गया। यात्रा के दौरान एक यात्री को अचानक सांस लेने में गंभीर तकलीफ होने लगी, जिसके बाद केबिन क्रू ने तत्परता दिखाते हुए विमान में उपलब्ध पोर्टेबल ऑक्सीजन के जरिए यात्री को तत्काल राहत पहुंचाई। हालांकि, इस घटना के बाद रांची से बेंगलुरु जाने वाली अगली उड़ान पर्याप्त ऑक्सीजन सिलेंडरों की व्यवस्था के कारण 4 घंटे 16 मिनट की देरी का शिकार हो गई।


क्या है पूरा मामला?

एयर इंडिया एक्सप्रेस की उड़ान संख्या IX 1239 ने रविवार सुबह 6.35 बजे बेंगलुरु से रांची के लिए उड़ान भरी थी। टेक-ऑफ के कुछ ही देर बाद एक यात्री को सांस लेने में कठिनाई महसूस होने लगी। चालक दल (केबिन क्रू) ने तुरंत ऑन-बोर्ड इमरजेंसी पोर्टेबल ऑक्सीजन सिस्टम की मदद से मरीज की स्थिति को संभाला।सुबह 8.55 बजे बिरसा मुंडा रांची एयरपोर्ट पर उतरने के बाद मेडिकल टीम ने यात्री के स्वास्थ्य की जांच की। स्थिति पूरी तरह सामान्य और स्थिर पाए जाने के बाद यात्री को घर जाने की अनुमति दे दी गई।


नियमों के अनुसार, सुरक्षा कारणों से उड़ान भरने से पहले विमान में अनिवार्य ऑक्सीजन सिलेंडर (Portable Oxygen Bottles) की उपलब्धता जरूरी होती है। रांची से बेंगलुरु जाने वाली वापसी की उड़ान IX 1244 का निर्धारित समय सुबह 9.35 बजे था।इन-फ्लाइट इमरजेंसी में ऑक्सीजन सिलेंडर का इस्तेमाल हो जाने के कारण विमान को तुरंत उड़ान भरने की अनुमति नहीं दी जा सकी। एयरलाइन प्रबंधन ने दिल्ली से आ रही दूसरी फ्लाइट के जरिए ऑक्सीजन सिलेंडर रांची मंगवाए। रिप्लेसमेंट मिलने के बाद विमान ने दोपहर 1.51 बजे बेंगलुरु के लिए उड़ान भरी।


उड़ान में चार घंटे से अधिक की देरी के कारण रांची एयरपोर्ट पर बेंगलुरु जाने वाले यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ा। सबसे ज्यादा परेशानी उन यात्रियों को उठानी पड़ी, जिनकी बेंगलुरु से आगे की अन्य घरेलू या अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिंग फ्लाइट्स थीं।


"बेंगलुरु से आने वाली उड़ान में एक यात्री को सांस लेने में परेशानी हुई थी। चालक दल ने विमान में ही ऑक्सीजन उपलब्ध कराई। रांची पहुंचने के बाद यात्री की स्वास्थ्य जांच की गई और स्थिति स्थिर होने पर वह घर चला गया। इसके बाद बेंगलुरु जाने वाली उड़ान के लिए आवश्यक ऑक्सीजन बोतलों की व्यवस्था दिल्ली की फ्लाइट से कराई गई।"

विनोद कुमार, निदेशक, बिरसा मुंडा रांची एयरपोर्ट